.ईईईईईईई..” की तेज तेज आवाज निकालते हुए मैंने उसके गुलाबी भोसड़े में अपना माल गिरा दिया। उसके बाद हम दोनों प्यार करने लगे, मैं उसपर ही लेट गया।कुछ ही देर में हमदोनो का दूसरा राउंड शुरू हो गया। मैंने उसकी गांड के नीचे ३ मोटे तकिया लगा दिया और उसकी उसकी गांड का छेद पीने लगा। एक तरह से किसी लौंडिया की गांड पीना बड़ा गन्दा काम माना जाता है, पर लौंडिया को अच्छे से चोदने के लिए उसकी गांड पीना जरुरी होती है।इसलिए मैं संतोष की बहन आरोही की गांड पी रहा था। फिर मैंने अपने लंड पर ढेर सारा थूक मल लिया और उसकी गांड में लंड डाल दिया और आरोही की गांड चोदने लगा। ““उ उ उ उ उ……अअअअअ आआआआ… सी सी सी सी…. BF XXX इसस्स्स्स्स्स्स्स् उहह्ह्ह्ह” आरोही गर्म गर्म सिसकारी लेने लगी।मैं अपने हाथ से जल्दी जल्दी उसकी चूत और उसके दाने को घिसने लगा। फिर मैंने अपना ९” लम्बा और बहुत मोटा लंड अपने दोस्त संतोष की बहन की चूत में डाल दिया और उसको चोदने लगा। धीरे धीरे मैं उसकी बुर में मीठे और बहुत ही कामुक धक्के देने लगा।अब तो ये रोज की बात हो गयी थी, सारा दिन पढाई और फिर रात में आरोही की ठुकाई। उसने मेरी ही चेक शर्ट पहन रखी थी, खुले हुए बटन और शर्ट में वो जैसे इंग्लैंग की लड़की















