यार जब उस हालत पे होगी तो देखा जायेगा.”पानवाले ने भांप लिया… उस ने पहली बाज़ी जीत ली थी ! XXX BF मुझे जकड लिया.. आपका ख्याल रखने…” उसने मुझे आँख मारी और झट अन्दर चला गया..!गोपाल की बातों से मैं अवाक रह गया… कहाँ तो मैं किसी ऐसे वैसे जगह और लड़की के बारे सोच रहा था, और कहाँ एक दम घरेलु, खूबसूरत, सुघड़ और सेक्सी औरत हाथ लग रही है.. इतनी जोर से की मेरा लंड उसकी गीली चूत में धंस गया..मैं एक दम सीहर गया इस अचानक के धक्के से.. और उसके होंठ चूसने लगा, अपने से बुरी तरेह चिपका लिया.. भारती हाय.हाय कर उठती…”राजा… ऊओह हाय मैं मर गयी आज.. हाय. ओर अब खुद धक्के लगाने लगा.. और हाँ तुम भी मुझे तुम ही कहोगी…”“अरे कुछ नहीं.. और फिर बाहर आ गया.. पर अकेलापन मानो पहाड़ जैसे लगता था.. हमारे बीच का पर्दा तो हटाओ न..” और मैंने बनियान उतार दी और उसने मेरी चड्ढी कमर से खींच कर पैरों से नीचे कर दिया…अब दोनों बिलकुल नंगे थे.. बोलो क्या करना है और कब..??” मैं ने अपनी रजामंदी दे दी !!मोहन की आँखों में चमक आ गयी… उस ने कहा “शुभ काम में देर किस बात की..मैं आज शाम के लिए सब सेट कर देता हूँ..















