हूँ… हूँ..हमममम अहह्ह्ह्हह—अई…अई…अई…..” की आवाजे पूरे कमरे में गूंज रही थी। रानिया के चमकते बदन का मैं भोग लगा रहा था। उसकी जवानी का सारा रस मैं लूट रहा था।मेरा 6 इंच लम्बा और 3 इंच लौड़ा उसकी बुर को कायदे से बजा रहा था। कुछ देर बाद तो मुझे बहुत जादा जोश चढ़ गया था और मैं बहुत तेज तेज धक्के अपनी बहन की चूत में देने लगा। उसकी बुर से पट पट की आवाज आने लगी जैसे कोई ताली बजा रहा हो। मेरा लंड उसकी रसीली चूत में अंदर तक वार कर रहा था। विन्नी “……अई…अई….अई……अई….इसस्स्स्स्स्स्स्स्…….उहह्ह्ह्ह…..ओह्ह्ह्हह्ह….” करके चीख रही थी। हमारी ठुकाई से बेड बुरी तरह से हिल रहा था जैसे कोई भूकंप आ गया हो। फिर मैं उसकी चूत में ढेर सारा वीर्य छोड़ दिया।अपने दोस्तों के साथ शेयर करे- मेरी माँ अक्सर बीमार रहती थी। उनको कैंसर हो गया था। कुछ ही दिनों में वो चल बसी। पर मेरे पापा को उनके मरने का जादा दुःख नही हुआ। मेरे पापा वकील थे और हाई में प्रैकटिस करते थे। उनकी वकालत धुआंधार चलती थी और महीने के लाखों रूपए वो आराम से कमा लेते थे। Hot Sexy Maal Chudaiमाँ के मरने के बाद पापा शाम को सिगरेट शराब में डूबे रहते और कई बार बाहर जाकर गैर औरतों को चोद लेते थे। पापा को सेक्स करना बहुत पसंद था। मेरी















