मैं पढ़ने में होसियार था, वही अर्चना मैडम की लड़की भी बहुत होशियार थी. मैं प्रीति को चोदने लगा. BF XXX इसलिए मैं चुदाई की दिशा में बढ़ गया. बड़ी सीधी लड़की थी तभी मुझे उससे इश्क हुआ था. मैं तो टेंशन में आ गया. मैं प्रीति को पूरी तरह से अच्छे से भोगना चोदना चाहता था. मैं पीने लगा. उसने अपने लचीले पतले हाथों से मुझे जकड रखा था. मैंने अपना सिर उसकी झांटों के बादल में डाल दिया और कहीं खो गया.मैंने अपना मुह उसकी झांटों में छिपा लिया जैसे जब मासूम छोटा बच्चा अपनी माँ से रूठ जाता है तो घर में कहीं किसी कोने में छिप जाता है. पर इसके जवाब में मैं तो कहूँगा की जब लंड खड़ा होता है और फन मारता है तब माँ की माल लगती है. मैं प्रीति को पूरी तरह से अच्छे से भोगना चोदना चाहता था. प्रीति चिहुक उठती थी. अभी प्रीति [प्रीति] पूरी तरह से बालिग भी नही हुई थी और मैं उसको भोगने जा रहा था. मैं ८ वी में पढ़ रहा था, पर चुदाई और मैथुन क्या होता है, ये मैं जान गया था. जैसा फैशन टीवी पर दिखाते है की लडकियां पतली पतली बांस के खंबे की तरह सिकडी पहलवान होती है, प्रीति उस तरह की बिलकुल नही थी. Classmate Birthday Sexवो मुझे हर टेस्ट में गुड देती थी,















