मेरा नाम कैप्टेन मुस्ताक है लेकिन मुझे प्यार से मुश्क कहते हैं। मैं असल में रावलपिंडी से हूँ मगर पाकिस्तान आर्मी जॉयन करने के बाद मुखतलिफ जगहों पर पोस्टिंग रही है। ये उन दिनों की बात है जब मैं जून में अपनी छुट्टियों पर था। उन दिनों में पाकिस्तान और इंडिया के बोर्डर पर काफी टेंशन थी और मुझे काफी कम छुट्टी मिली थी। Paki Chudai Story XXXछुट्टियों के दौरान ही अचानक मुझे टेलीग्राम मिला कि मैं जल्द वापिस अपनी यूनिट में रिपोर्ट करूँ। सो जैसा कि मैं उन दिनों में कराची में पोस्टेड था, इसलिये मैंने अपनी बुकिंग खायबर-मेल एक्सप्रेस पर करवायी। मैं अपनी मुकरर तारीख पर रात एक बजे रावलपिंडी स्टेशन आया और ट्रेन का वेट कर रहा था।तकरीबन आधे घंटे के बाद ट्रेन आयी और मैं अपने थोड़े से सामान के साथ ए-सी स्लीपर क्लास के डिब्बे में जाकर अपना केबिन ढूँढने लगा। मेरी बुकिंग जिस केबिन में हुई थी, उस में चार बर्थ थीं। मुझे नहीं मालूम था कि और तीन लोग मेरे साथ कौन हैं, मगर मैं उन लोगों का इंतज़ार करने लगा।तकरीबन पंद्रह मिनट के बाद एक फैशनेबल लेडी एक बूढ़े आदमी के साथ अंदर आयी और वो अपनी बर्थ तलाश करने लगे। उसके बाद उस लड़की के फादर ने बताया कि यही है उसकी बर्थ। मैंने उनको सलाम किया और बताया कि मैं कैप्टेन नौमान















