लेकिन रविवार की रात को मेडम के नाम की मुठ मारकर में तो पता नहीं किस गहरी नींद में चला गया और मुझे सुबह के अलार्म का पता ही नहीं चला. क्या चीज़ थी यार.. BFSex फिर वो भी उठी.. इतना साफ और पास का नज़ारा देखकर तो में होश ही खो बैठा और मुझे पता ही नहीं चला कि कब मेरे हाथों से कटोरी फिसल कर नीचे गिर गई. वो अब मुझे हमेशा सभी बच्चो से अलग ही पढ़ाती है. में मेडम के साथ बहुत अच्छी तरह से घुल मिल गया था.. लेकिन क्या करता? लेकिन उसकी चाल में बहुत फर्क था वो थोड़ा लंगड़ाकर चल रही थी और मैंने उसे सहारा दिया और वो दोबारा नहाने लगी और में बेड पर लेटा रहा और उसके आने का इंतजार करने लगा.फिर उसने अंदर आकर बेडशीट हटा कर दूसरी बिछा दी. वो अप्सरा थी.फिर में जब बाहर आया तो मुझे पता ही नहीं चला कि कब मैंने सुबह 6 बजे का कोचिंग शुरू कर लिया. फिर उस महीने में मैंने मेडम के बारे में बहुत खोज की और उनकी बहुत सारी आदतों, पसंद और ना पसंद को में जान गया था. वो अप्सरा थी.फिर में जब बाहर आया तो मुझे पता ही नहीं चला कि कब मैंने सुबह 6 बजे का कोचिंग शुरू कर लिया. दोस्तों किसी ने सही कहा है कि सारी










