फिर सास थोड़ा रिलॅक्स होने के लिए छत पर चली गयी ये मोका देख कर पिताजी भी छत पर गये. XXXBF एक अच्छा दिन देख कर मेरी शादी भी कर दी घर वालो ने मेरी शादी हो गयी ये सपने जैसा ही था.शादी अच्छी हुई पिताजी की एकलौती बेटी जो थी पर मेरी शादी तो ऐसे लग रही थी जैसे कोई फैशन शो हो. रात मे खाने के लिए मेरे हज़्बेंड के साथ सब थे. लेकिन जब बस एक टनल से जा रही थी तो आगे भीड़ होने से बस बीच मे रुक गयी. फिर दिन तो कैसे निकल गया पता ही नही चला, पिताजी दिनभर कमरे मे ही थे. पिताजी मेरी सास के पीछे आ गये और मेरी सास की गांड को देखने लगे मैं पिताजी को मेरी सास की गांड को घूरते हुए देखने लगी पिताजी का तो हाथ अपने लंड पर था. मेरी सास को पिताजी का लंड फील हो रहा था. और मेरा लंड लेते ही वो दर्द से चिल्लाएगी जो अच्छा नही था मेरे लिए इस लिए मैं बस उनका और मेरा पानी रगड़ कर निकालने वाला था पैंटी नीचे होते ही मैं ने अपना नंगा लंड उनकी गांड मे रगड़ना शुरू किया.साड़ी पीछे से पूरी उपर थी जिस से मैं समधन की नंगी गांड को दबा रहा था क्या सॉफ्ट गांड थी.















