घर पर अंकल आंटी और उनका बेटा उमेश जो मुझसे बड़े थे रहते है. मैं स्टडी कर रही थी. BFSex उसका लम्बा लंड मेरे मुँह के पास था.मैं भी उसके लंड को अपने मुँह में डाल लिया.. पेपर्स के दिन थे. भैया ने जल्दी से अपनी पेण्ट उतार दी और बनियान भी उतार दी. चुप.. उमेश ने अपना हाथ मेरी पीठ पर रख दिया. मैं भी यही चाहती थी.. उनका लंड और भी टाइट हो गया और सीधा खड़ा हो गया.फिर भाई ने पुछा.. फिर मेरे बूब्स को दोनों हैंड्स से दबा के पकड़ लिया और 1 ही शॉट में अपना लंड मेरी चूत में हाफ अंदर तक डाल दिया.. भाई दुकान से जल्दी घर आ गए थे. पहले तो मुझे लंड का पानी का स्वाद अजीब सा लगा.. उसने मेरे रसीले ऑरेंज जैसे होंठो को अपने होंठों में दबा लिया और चूसने लगा.. मेरे 34D गोल गोल मम्मे देख कर उमेश ने दोनों बूब्स को अपने दोनों हाथो में ले लिया और झटके से ब्रा उतर दी. हाँ भैया… जल्दी से करो..उमेश ने मेरी कमीज और सलवार उतार कर एक तरफ रख दी.















