मैंने तृषा से बोला.वो अपना माल चाट गयी। उसी वक़्त मैं अपने 8” के मोटे लंड को मुठ देने लगा और खड़ा करने लगा। 2 मिनट लंड पर मुठ दी और लंड लोहे जैसा कड़ा हो गया। मैंने xtra डॉटेड कंडोम अलमारी से निकाला और लौड़े पर चढ़ा लिया। दोस्तों इस कंडोम में 100 से भी जादा डॉट्स थे। अब मैं लंड के टोपे से तृषा की चूत को रगड़ने लगा।वो “उ उ उ उ उ……अअअअअ आआआआ… सी सी सी सी….. XXX Hindi अपने दूध तो पिलाओ!! ओ हो हो….” करने लगी। उसकी आवाजे और सिसकियाँ मुझे और जोश दिलवा रही थी। मैं जल्दी जल्दी पेलने लगा और दोनों मजे लुटने लगे।फिर तृषा ने दोनों पैरो को और खोल दिया और सेक्स करने लगी। मैं ऊँगली से उसके चूत के दाने को हिलाने लगा। ऐसा करने से उसे काफी जोश चढ़ रहा था। मैं धक्के पर धक्के लगा रहा था। तृषा सी सी कर रही थी। मैंने उसकी 10 मिनट पेला। फिर लगा की स्खलित हो जाउंगा। मैंने जल्दी से लंड बाहर निकाल लिया।फिर उसके दोनों 36” के दूध को हाथ से दबाने लगा। अब मुझे अपना ध्यान कुछ पल के लिए चुदाई से हटा देना था इसलिए मैं दूध पर चला गया। हाथ से उसकी निपल्स को छूने और दबाने लगा। तृषा चुदासी होकर “……मम्मी…मम्मी…..सी सी सी सी..















