मैंने कहा तुम तो बड़े हरामी हो, तुम तो समझ गए हो, मैं क्या चाहती हु, वो बोला मैं रोज छुप छुप के देखा हु, जब आप अपनी चूत में ऊँगली डाल के गांड उठा उठा के आअह आआह आआह आआह रोज करती हो, तब मैं आपको ही देख के मूठ मारता हु.मैं हैरान रह गयी, सोची बताओ ये काम तो मुझे बहुत पहले ही कर देना था. XXXBF “Didi Boob Press”ये सोच कर डर गयी और अपने कमरे में वापस आ गयी, पर मेरा मन नहीं मान रहा था, फिर से गीतेश के कमरे में गयी और बोली तुमने क्या सोचा है, तो गीतेश बोल उठा दीदी अगर किसी को पता चल गया तो, मैंने समझ गई की गीतेश का मन कर गया.मैंने कहा अरे मैं नहीं बताउंगी किसी को तुम भी नहीं बताना किसी को बस कैसे किसी को पता चलेगा. फिर क्या वो मैं लेट गयी और वो मेरी पेंटी को खोल दिया और बोला बूर में झांकते हुए, दीदी तुमने क्या हाल कर दिया है बैगन से, पर अंदर कितना पिंक लग रहा था.मैंने कहा अरे देर क्यों कर रहे हो चाट डाल अपने बहन की चूत को.















