फाड़ दो बेटा!! XXX BF …..और मेरी हवस में हमेशा हमेशा के लिए शांत कर दो!!” चाची बोली।मैं उनको ठोंकता रहा। सलमा चाची ये बात नही जानती थी की हवस कभी शांत नही होती है। कोई लंड की प्यासी औरत जितना जादा चुदवाती है उसे लंड खाने की भूख उतनी जादा लगती है। ये बात चाची को शायद पता ही नही थी। मैंने जितना जादा उनको पेल रहा था उनकी चुदवाने की इक्षा उतनी जादा प्रबल हो रही थी।सलमा चाची की बुर तो बिलकुल मकखन मलाई जैसी थी। मेरे मोटे १२” के लंड खाने से उनकी चूत के बड़े बड़े होठ किनारे को खिसक गये थे। आह क्या मलाई जैसी चूत थी यारों। कुछ देर तक चाची को पेलने के बाद मैं उनकी चूत में आउट हो गया। फिर ५ मिनट में मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया।मैंने बेड पर लेट गया और मैंने उनको अपने लंड पर बिठा लिया। चाची के नाख़ून खूब बड़े बड़े थे। उनपर लाल रंग की चटक नेल पालिश लगी हुई थी। चाची को जब मैं अपने लंड पर बैठाकर चोदने लगा तो उनके तेज बिल्ली जैसे नाख़ून मेरी कमर और हाथ पर किसी कांटे की तरह चुभ गये। पर मुझे ये बहुत सेक्सी लगा दोस्तों।वो चुदाई की क्या जिसमे औरत के नाख़ून मर्द को ना चुभे और खून ना निकले। धीरे धीरे सलमा चाची ने मेरे सीने










