मैं तुमसे बहुत प्यार करती हूँ। बेटे आज तुम मुझको कसके चोद डालो” आंटी बोली.“आंटी, आप बिलकुल टेंशन ना ले। आज आपका ये बेटा आपसे बहुत प्यार करेगा और आपकी रसीली बुर चोद चोदकर पूरी तरह से फाड़ देगा” मैंने कहा.उसके बाद हम दोनों पागलों की तरह किस करने लगे। आंटी मुझे बिस्तर पर ले गयी। उन्होंने खुद अपनी साड़ी निकाल दी। तो मैंने अपने भीगे कपड़े निकाल दिए। शर्ट पेंट मैंने निकाल दी। मैं अब अपनी किरायेदारिन आंटी के सामने खड़ा था और मैं पूरी तरह नंगा था।दोस्तों, आप लोग तो जानते ही होंगे की बरसात में ठंडे ठंडे मौसम में लंड कितना जादा खड़ा होता है। मेरा भी कुछ ऐसा ही हाल था। मैं आंटी के सामने पूरी तरह से नंगा था और मेरा लंड खड़ा हुआ था और बहुत मोटा हो गया था। उधर आंटी जैसे जैसे अपनी साड़ी निकालती गयी उनके जिस्म का सफ़ेद और उजला उजला भाग मुझे दिखने लगा।अब वो मेरे सामने ब्लाउस और पेटीकोट में थी। वो बहुत जादा चुदासी महसूस कर रही थी इसलिए उन्होंने देर नही की और जल्दी जल्दी अपने भीगे और दूध से चिपके ब्लाउस को वो खोलने लगी। उन्होंने अंदर ब्रा नही पहनी थी।जैसे ही ब्लाउस उन्होंने निकाला मुझे तो जैसे चक्कर आ गया। दो ४०” के बड़े बड़े बेहद खूबसूरत दूध मेरे सामने थे। मैं पागल हो रहा था।















